4 माह में ही उखड़ने लगी आमाकोनी–आमगांव सड़क, ग्रामीणों ने लगाए भ्रष्टाचार के आरोप
पचपेड़ी। पचपेड़ी क्षेत्र के आश्रित ग्राम आमाकोनी से आमगांव तक लगभग 2 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण 1 करोड़ 44 लाख रुपये की लागत से कराया गया था। लेकिन निर्माण के महज चार महीने के भीतर ही सड़क पर दरारें दिखाई देने लगी हैं। इसे लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है और उन्होंने निर्माण कार्य में अनियमितता तथा भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया। कई स्थानों पर मुरूम की जगह मिट्टी का उपयोग किया गया, जिसके कारण सड़क समय से पहले ही क्षतिग्रस्त होने लगी है। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीण प्रेमदास सतनामी ने बताया कि लगभग एक सप्ताह पहले सड़क में जहां-जहां दरारें पड़ रही थीं, वहां चार मजदूरों से गिट्टी डलवाकर मरम्मत का कार्य कराया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्य पूरा होने के बावजूद अब तक मजदूरी का भुगतान नहीं किया गया है।
वहीं, जब इस संबंध में संबंधित विभाग के एसडीओ से जानकारी ली गई तो उन्होंने कहा कि किसान द्वारा खेत की मेड़ काट देने के कारण सड़क में दरारें आई हैं।
हालांकि, आमगांव के सरपंच ने एसडीओ के इस दावे का खंडन करते हुए कहा कि किसी भी किसान ने मेड़ नहीं काटी है। उनका कहना है कि सड़क निर्माण में ही खामियां रही हैं, जिसके कारण सड़क में दरारें पड़ रही हैं। उन्होंने कहा कि निर्माण की कमियों के लिए किसानों को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है।
ग्रामीणों का कहना है कि करोड़ों रुपये की लागत से बनी सड़क का इतनी जल्दी खराब होना निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने प्रशासन से सड़क निर्माण की तकनीकी जांच कराने, जिम्मेदार अधिकारियों एवं ठेकेदार पर कार्रवाई करने तथा मजदूरों का लंबित भुगतान शीघ्र कराने की मांग की है।
